अद्यतन भारत युवा चेतना मंच ने समारोह पूर्वक मनाया स्वतंत्रता दिवस
गयाजी से आयुष कुमार मिश्रा की रिपोर्ट
15 अगस्त को हम सब एक राष्ट्रीय पर्व 1947 से अबतक मानते आ रहे हैं, जिसे स्वतंत्रता दिवस के नाम से जाना जाता है। स्वतंत्रता प्राप्ति को लेकर कई माँ की गोद, पत्नी की मांग सुनी हो गई। तब जाकर आज ही के दिन 1947 को हम भारतवासी स्वतंत्र हुए। तब से आजतक 15 अगस्त को स्वतंत्रता प्राप्ति के उपलक्ष्य में झंडोत्तोलन कर उत्सव के साथ स्वतंत्रता दिवस मानते हैं।
गयाजी : विदित हो कि अद्यतन भारत युवा चेतना मंच विगत कई वर्षों से स्वतंत्रता दिवस समारोह पूर्वक मानते आ रही है। बताते चलें कि अद्यतन भारत युवा चेतना मंच, गयाजी अपने प्रधान कार्यालय में स्वतंत्रता दिवस समारोह पूर्वक मनाया गया। समारोह का शुभारंभ राष्ट्रीय ध्वज फहराकर किया गया। झंडोत्तोलन के बाद राष्ट्रीय गान के साथ वहां उपस्थित लोगों नें राष्ट्र को संबोधित करते हुए अपने विचार प्रकट किए।
वहीं मंच के संस्थापक श्री रवि भूषण पाठक नें कहा कि स्वतंत्रता शब्द से ही मुक्त बोध होता है। जिसे आज के युवा पीढ़ी जाने-अनजाने में स्वतंत्रता को अनुशासननता समझ बैठे हैं। जबतक आज के युवा पीढ़ी चंद्रशेखर आजाद, भगत सिंह, महात्मा गाँधी आदि के चरित्रों का आत्मसात करना ही स्वतंत्रता दिवस पर उन वीर सपूतों का सच्ची श्रधांजलि होगी। 
आगे के क्रम में बताते चलें कि स्वतंत्रता दिवस समारोह में श्री कमलेश पुण्यार्क (गुरुजी) झंडोत्तोलन किया। वहीं आचार्य लाल भूषण मिश्र, याज्ञिक, पौराणिक नें समारोह का संचालन किया। दोनों नें ही आजादी के बाद बढ़ते अपराध, भ्रष्टाचार एवं कुरीतियों पर प्रकाश डाला। युवाओं को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि आज के युवापीढ़ी अपनेआप को अनुशासित रखें ताकि स्वतंत्रता की सही उपयोग हों सके।
स्वतंत्रता दिवस समारोह में जिन्होंने मुख्य रूप से भूमिका निभाया उनमें से प्रमुख हैं – राजेश कैनेडी (छोटू शर्मा), रुक्मिणी पाठक, रौशन कुमार पाठक, सोनाली पंडित, वंदना वर्णवाल, कन्हैया कुमार, साकेत बिहारी, नागेंद्र मिश्रा आदि।


